क्या जियो पेटीएम वॉलेट को खरीदने वाला है ?
मुकेश अंबानी की रिलायंस इंडस्ट्रीज की सहायक कंपनी जियो फाइनेंशियल सर्विसेज, पेटीएम के वॉलेट कारोबार को खरीदने के लिए बात कर रही है। अगर यह सौदा हो जाता है, तो यह भारतीय फिनटेक उद्योग में एक बड़ी डील होगी।
जियो फाइनेंशियल सर्विसेज एक गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी (एनबीएफसी) है, जो डिजिटल भुगतान, बीमा और ऋण सहित विभिन्न वित्तीय सेवाएं प्रदान करती है। पेटीएम भारत का सबसे बड़ा डिजिटल भुगतान कंपनी है, जिसके 400 मिलियन से अधिक सक्रिय उपयोगकर्ता हैं।
पेटीएम के वॉलेट करोबार को खरीद से जियो फाइनेंशियल सर्विसेज को भारतीय डिजिटल भुगतान बाजार में एक बड़ा बढ़ावा मिलेगा। पेटीएम का वॉलेट यूपीआई, मोबाइल रिचार्ज, बिल भुगतान और ऑनलाइन शॉपिंग सहित विभिन्न प्रकार के भुगतान के लिए इस्तमाल किया जाता है।
हाँ सौदा ( समझौता ) जियो के लिए एक रणनीतिक कदम होगा, जो अपने दूरसंचार व्यवसाय के लिए एक मजबूत वित्तीय सेवा मंच बनाने की कोशिश कर रहा है। Jio ने हाल ही में JioMart नाम से एक ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म लॉन्च किया है, और Paytm के वॉलेट को खरीदने से JioMart को अपने ग्राहकों को एक निर्बाध भुगतान अनुभव प्रदान करने में मदद मिलेगी।
पेटीएम के लिए, जियो फाइनेंशियल सर्विसेज द्वार खरीद जना एक एग्जिट स्ट्रैटेजी प्रदान कर सकता है। पेटीएम एक घाटे में चलने वाली कंपनी है, और अपने व्यवसाय को लाभदायक बनाने के लिए संघर्ष कर रही है। जियो फाइनेंशियल सर्विसेज द्वार खरीद जना पेटीएम को अपने शेयरधारकों को एक रिटर्न प्रदान करने में मदद कर सकता है।
यह सौदा ( समझौता ) अभी भी प्रारंभिक चरण में है, और यह स्पष्ट नहीं है कि यह कब पूरा होगा। हलांकि, अगर यह सौदा हो जाता है, तो यह भारतीय फिनटेक उद्योग में एक बड़ी डील होगी।
सौदे ( समझौता ) के संभवित लाभ
- जियो फाइनेंशियल सर्विसेज को भारतीय डिजिटल भुगतान बाजार में एक बड़ा बढ़ावा मिलेगा।
- Jio अपने टेलीकॉम बिजनेस के लिए एक मजबूत वित्तीय सेवा प्लेटफॉर्म बनाने में सक्षम होगा।
- Paytm को एक निकास रणनीति प्रदान कर सकता है।
सौदे ( समझौता ) के संभवित जोखिम
- सौदा नियमकारी जांच का सामना कर सकता है।
- सौदा एककृत करने में चुनौतियाँ हो सकती हैं।
- सौदा सफल होने की गारंटी नहीं है।
